Blog

तनहाई मेरा हाथ न छोड़

तनहाई मेरा हाथ न छोड़ हथकड़ीयां लगा रखी है मैंने ‌वफ़ा-ए-खिदमद जुर्म है मेरा इश्क-ए-इबादत रुसवाई मेरा साथ न छोड़ ‌कायम है अंधेरा वहां जहां जलन‌ से लोग जल‌ रहे‌पग-पग…

मन में है उथल पुथल

मन में है उथल पुथल शांत किसे कराएंभिड़ में अकेला रहता है मन‌पहचान किसकी कराएंबारिश में भी सूखा रहता है मन‌ बूंदें किस पर बरसाएंसड़कें जिंदगी की सिधी हैअसमंजस में…