तनहाई मेरा हाथ न छोड़
हथकड़ीयां लगा रखी है मैंने
वफ़ा-ए-खिदमद जुर्म है मेरा
इश्क-ए-इबादत रुसवाई मेरा साथ न छोड़
कायम है अंधेरा वहां जहां जलन से लोग जल रहे
पग-पग हम अकेले ही चल रहे
तनहाई मेरा हाथ न छोड़
हथकड़ीयां लगा रखी है मैंने
वफ़ा-ए-खिदमद जुर्म है मेरा
इश्क-ए-इबादत रुसवाई मेरा साथ न छोड़
कायम है अंधेरा वहां जहां जलन से लोग जल रहे
पग-पग हम अकेले ही चल रहे